Indian Culture

अहोई अष्टमी व्रत कथा विस्तार से

विस्तार में अहोई अष्टमी व्रत कथा एक साहूकार के सात बेटे थे सातों बेटे की शादी हो चुकी थी 1 दिन उनकी बहू है अपनी ननद के साथ चौके के लिए मिट्टी लेने गई ।मिट्टी खोदते समय उनकी ननद से श्याउ के बच्चे मर गए। श्याउ ने कहा कि मैं तुझे श्राप दूंगी तेरी कोख […]

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भगवान सूर्यनारायण इतिहास, जन्म कथा, महत्व

भगवान सूर्यनारायण के महत्वताइस संसार में भूलोक पर जो भी दृष्टिगोचर है वह सब भगवान सूर्यनारायण की ही कृपा है। सृष्टि के मूल प्रसव है। संपूर्ण लोगों की आत्मा है। पृथ्वी एवं भूलोक पृथ्वी से ऊपर दृष्टिगोचर मात्र आकाश रही सीमा नहीं उसके अनन्य लोक हैं के मध्य स्थित सौर मंडल जहां सभी ग्रह नक्षत्र

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बजरंग बाण का महत्व | Bajrang Baan Ka Mahatva in Hindi

हनुमान जी वायु पुत्र के नाम से प्रसिद्ध है। उनके चिन्ह को अपनी ध्वजा पर धारण करें है। अर्जुन ने वायु अर्थात प्राणों पर विजय प्राप्त की थी। प्राण चंचल हुआ तो मन चंचल हो जाता है। प्राण स्थिर होने से मन स्थिर हो जाता है। हनुमान जी की कृपा प्राप्त हो जाने पर मन

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कैसे हनुमान जी के डर से बादशाह ने शहर का नाम शाहजहाँबाद नाम रखा और जगह छोड़कर चले गया

किस प्रकार भगवान हनुमान जी ने गोस्वामी जी को दर्शन दिए एक सच्ची ऐतिहासिक घटना गोस्वामी तुलसीदास जी के आशीर्वाद से एक विधवा का पति जीवित हो गया। यह खबर दिल्ली के मुसलमान बादशाह तक पहुंची। उसने इन्हें बुला भेजा और कहा हमें भी अपनी कोई करामात दिखाओ। गोस्वामी जी ने उत्तर में निवेदन किया।

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शनि देव के प्रभाव एवं निवारण हेतु उपाय और जानिए कैसे मुक्त रहे मुक्त रहे शनि देव के प्रभाव से

नवग्रहों में शनि अत्यधिक दूरी का ग्रह है और तीन वलयाकार दलों से गिरा है इसके 9 उपग्रह चंद्रमा है। कुछ मतों से इसकी संख्या 10 कही गई है शनि को सूर्य की परिक्रमा करने में करीब 30 वर्ष लगते हैं। कहा जाता है कि रावण ने अपने पुत्र मेघनाथ के जन्म समय सब ग्रहों

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गृहस्थ आश्रम का महत्व बताया कबीर दास जी ने।

कबीर जी का इतिहास तो सुना होगा उसके घर जितने लोग आते उन्हें कबीर जी बाहर से ही कहते  “खाना खा कर जाना।” घर में कुछ भी ना हो पर फिर भी वे बाहर से बैठे-बैठे कह देते थे। घर में उनकी पत्नी कमाल पर मुसीबत का पहाड़ टूट पड़ता था। एक दिन कमाल ने

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नवरात्रि पूजन का महत्व | Navratri Pujan ka Mahatva Hindi

जो व्यक्ति नवरात्रि का पूजन करते हैं, उनके लिए यह जानना बहुत जरूरी होता है कि इसके करने से क्या फल प्राप्त होता है और इसका क्या महत्व है। जो नवरात्रि का पूजन करते हैं, उन्हें पूर्ण नवरात्र का व्रत रखना चाहिए। 9 दिन देवी की पूजा आराधना करनी चाहिए। नवरात्रि में नौ की संख्या

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नवरात्रि क्या है और नवरात्रि क्यों मनाई जाती है ?

नवरात्रि क्या है नवरात्रि में देवी शक्ति के नौ रूप शैलपुत्री, ब्रह्मचारिणी, चंद्रघंटा, कुष्मांडा, स्कंदमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी और सिद्धिदात्री की पूजा आराधना की जाती है। नवरात्रि का त्यौहार साल में दो बार आता है। साल में प्रथम बार चैत्र माह में यानी अप्रैल – मार्च के महीने के बीच पहला नवरात्रि आता है उसके

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96 रामायण से संबन्धित सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी | Ramayana GK Short Question Answer in Hindi

प्रश्न 1 – वानर राज बाली से हारकर सुग्रीव को किस गुफा में छुप ना पड़ा था ?उत्तर – ऋषिमूक पर्वत की गुफा में। प्रश्न 2 – राम वनों में वितरण के दौरान हनुमान से पहली बार कहां मिले थे ?उत्तर – अंजनी पर्वत पर प्रश्न 3 – मंथरा का एक अन्य नाम क्या था

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होली भाई दूज त्यौहार कैसे मनाया जाता है, शुभ मुहूर्त क्या है, कैसे बहन भाई को तिलक करें ?

होली भाई दूज क्या है भाई और बहन के पवित्र रिश्ते का यह त्योहार होली के ठीक अगले दिन मनाया जाता है इस बार यह होली भाई दूज का त्यौहार 30 मार्च को मनाया जाएगा । होली भाई दूज का शुभ मुहूर्त क्या है     होली भाई दूज का शुभ मुहूर्त मार्च 29 को रात्रि के

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